
जख्म सुखे नही.. के नया वार किये जाते हो..
ऐसा कत्ल आप.. बार बार किये जाते हो..
मरहम की बात.. बहुत दूर रही हरदम..
घाव गहरा रहे.. बस दरार किये जाते हो..
आंसू बहते है.. सदमा सहते है..
दिल की धडकन को.. बेकरार किये जाते हो..
फिर भी जिने की उमीद रखते है..
सांसे जख्मो संग जो.. उधार दिये जाते हो !!!
