अच्छा होता अगर जहर खिला के मार देते हमे॥
राह तकने से यह जिंदगी मजबूर तो नही होती॥
पता है के एक दिन बेदखल करोगे हमे॥
फिर भी यह दखल अंदाजी मंजूर क्यू नही होती॥
किस गुनाह की सझा .. हम जिंदगी भर भुगते॥
हम - आप मे जो दूरी है.. वह दूर क्यू नही होती॥
जिसे आप सौदा समझे.. हमारे लिये वादा है॥
वफाई की बुलंद कोशीश.. जरूर क्यू नही होती॥
आप के लिये मजाक होगा.. पर हमारे लिये वजह है॥
कैसे बताये आपकी एहमियत की दिल में क्या जगह है॥
बस थोडासा वक्त दो... अगर जान लेना है तो॥
या फिर वक्त दो ही ना... अगर जान लेनी है तो॥
जितेजीही मरते है जब आवाज आपकी सुनते नही॥
लाख कोशीशे की लेकिन्..ऐसे रिश्ते बनते नही॥
हर एक टूटा दिल का हिस्सा.. जूडा आपसे.. किसका कसूर॥??
चोट लगे तो सिख मिलेगी.. यह है दुनिया का दस्तूर॥??
पिछले करम की सजा कहू या.. गये जनम की कसमे है॥
जो होता वह होने देना.. इतना मेरे बसमे है !!!!!!
राह तकने से यह जिंदगी मजबूर तो नही होती॥
पता है के एक दिन बेदखल करोगे हमे॥
फिर भी यह दखल अंदाजी मंजूर क्यू नही होती॥
किस गुनाह की सझा .. हम जिंदगी भर भुगते॥
हम - आप मे जो दूरी है.. वह दूर क्यू नही होती॥
जिसे आप सौदा समझे.. हमारे लिये वादा है॥
वफाई की बुलंद कोशीश.. जरूर क्यू नही होती॥
आप के लिये मजाक होगा.. पर हमारे लिये वजह है॥
कैसे बताये आपकी एहमियत की दिल में क्या जगह है॥
बस थोडासा वक्त दो... अगर जान लेना है तो॥
या फिर वक्त दो ही ना... अगर जान लेनी है तो॥
जितेजीही मरते है जब आवाज आपकी सुनते नही॥
लाख कोशीशे की लेकिन्..ऐसे रिश्ते बनते नही॥
हर एक टूटा दिल का हिस्सा.. जूडा आपसे.. किसका कसूर॥??
चोट लगे तो सिख मिलेगी.. यह है दुनिया का दस्तूर॥??
पिछले करम की सजा कहू या.. गये जनम की कसमे है॥
जो होता वह होने देना.. इतना मेरे बसमे है !!!!!!